आरक्षण की मांग लेकर मराठाओं का नवी मुंबई को छोड़ कर आज पूरा महाराष्ट्र बंद

मराठा आरक्षण को लेकर पिछले सो साल से मांग कर रहे है लेकिन मराठा आरक्षण आंदोलन के दो साल पूरे होने पर भी मांगों के पूरा न होने के चलते मराठा संगठनो ने आज पूरे महाराष्ट्र में बंद का ऐलान किया है हालांकि रली और नवी मुंबई को इस बंद से दूर रखा गया है.

सकल मराठा समाज के नेता अमोल जाधवराव ने बताया कि यह राज्यव्यापी बंद होगा, जिसमें नवी मुंबई शामिल नहीं होगा. साथ ही बंद से सभी आवश्यक सेवाओं, स्कूलों और कॉलेजों को अलग रखा गया है. उन्होंने कहा कि कुछ संवेदनशील मुद्दों के चलते हमने नवी मुंबई में बंद नहीं करने का फैसला लिया है.

आपको बता दें कि महाराष्ट्र के कुछ हिस्से खासकर नवी मुंबई के कोपरखैरने और कलमबोली में पिछले महीने मराठा आरक्षण आंदोलन के दौरान हिंसा हो गई थी. जाधवराव ने कहा कि सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक शांतिपूर्ण प्रदर्शन होगा. सह ही उन्होंने कहा कि मैं मराठा युवकों से अपील करता हूं कि आत्महत्या नहीं करें.

इससे समुदाय और इसके हितों को सहयोग नहीं मिलेगा. वहीं बंद से पहले महाराष्ट्र के राजस्व मंत्री चन्द्रकांत पाटिल ने मराठा आरक्षण के पक्ष में प्रदर्शन कर रहे लोगों की आकांक्षाओं पर पानी फेरते हुए कहा कि उनकी मांगों के संबंध में 15 नवंबर तक कोई फैसला नहीं लिया जा सकता है.

उन्होंने कहा है कि मराठा समुदाय को आरक्षण देने के संबंध में समयबद्ध कार्यक्रम पेश करने की जिम्मेदारी महाराष्ट्र राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग को सौंपी गयी है जिसकी रिपोर्ट 15 नवंबर को पेश की जाएगी.

इस आंदोलन का नेतृत्व मराठा क्रांति मोर्चा कर रहा है. मराठा समाज पिछड़ा वर्ग के तहत सरकारी नौकरी शिक्षा के क्षेत्र में 16% आरक्षण की मांग कर रहा है. पिछले दो सालों से महाराष्ट्र में यह आंदोलन चल रहा है महाराष्ट्र में मराठा आबादी 33% यानी करीब चार करोड़ है.