गुरुग्राम में हिन्दू संगठनों का ऐलान कहा- पवित्र रमज़ान में नमाज़ पढ़ने वालों की नमाज़ में…..

नई दिल्ली: दिल्ली से सटे गुरुग्राम में खुले में नमाज पढ़ने को लेकर चले आ रहे विवाद को लेकर अब हिन्दू संगठनों का बयान आया है बता दे पिछले महीने मैदान में नमाज़ पढ़ते हुए नमाज़ियों को परेशान करते हुए एक वीडीयो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था जिसके बाद हँगामा मचाने वालों के खिलाफ कार्यवाही हुई थी।

लेकिम हिन्दूवादी संगठनों द्वारा उससे अगले जुमें को लगभग 12 जगहों पर नमाज़ पढ़ने से रोका था, जिसके बाद हरियाणा मुख्यमंत्री मनोहर लाला खट्टर ने भी खुले मैदान में नमाज़ पढ़ने पर विवादित टिपण्णी की थी।

आप को बता दे गुरुग्राम में ऊँची ऊँची आलीशान कम्पनियाँ बनी हुई हैं जिनमें दूर दराज सर आये काम करने वाले मुस्लिम कर्मचारी जुमें की नमाज़ किसी मैदान में पढ़ने के लिये इकठ्ठा हो जाते थे, काफी लम्बे समय से ये सिलसिला ऐसे ही चला आ रहा है।

अब हिन्दू संगठनों ने पवित्र रमाज़न के महीने को देखते हुए कहा है कि रमज़ान में नमाज़ पढ़ने पर कोई विरोध नही होगा, मिली जानकारी अनुसार गुड़गांव में खुली जगहों पर शुक्रवार की नमाज़ से एक दिन पहले रमजान के महीने में पहली बार संयुक्त हिंदू संघर्ष समिति ने आश्वासन दिया है कि इस पवित्र महीने के अभ्यास के दौरान कोई विरोध नहीं होगा, या इसके दौरान व्यवधान नहीं होगा।

मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा था कि नमाज मस्जिदों या ईदगाहों में ही पढ़ी जानी चाहिए. बाद में प्रशासन ने जुमे की नमाज के लिए गुड़गांव में कुछ स्थान चिन्हित किए, हालांकि कुछ संगठन ने इसका भी विरोध किया था। जिसके बाद स्थायी समाधान के लिए राज्य वक्फ बोर्ड ने अपने अधिकार क्षेत्र के भूखंडों का इस्तेमाल करने का फैसला किया है।

राज्य के वक्फ बोर्ड ने नमाज के लिए अपने अधिकार क्षेत्र के तहत आने वाले भूखंडों को चिन्हित करने का काम शुरू भी कर दिया है।