लाइव डिबेट में महिला पर हाथ उठाने वाले मौलाना पर आया ओवैसी का बयान, कहा इस मौलवी को…

टीवी चैनल पर होने वाली डिबेट किसी जंग के मैदान से काम नही होती है. कई मुद्दों पर बहस के दौरान पार्टियों के प्रवक्ता, सोशल एक्टिविस्ट शोर मचाते देखे जाते है. कई बार तो बात इनती बड़ जाती है कि नौवत गली गलौच तक पहुंच जाती हैं. अब तक ऐसी कई घटनाएं देखने को मिली है.

टीवी चैनलों की डिबेट में हथपाई तक देखने को मिलती है एक ऐसा ही मामला फिर सामने आया है. जहां एक मौलाना साहब ने अपना अपा खोते हुए एक महिला पर हाथ उठा दिया. हालांकि इस की शुरुआत महिला द्वारा हुई थी. लेकिन एक मौलाना होने के नाते इतनी जल्दी अपा खो देना भी कहाँ तक ठीक हैं.

इस घटना के बाद देश भर में भूचाल आया हुआ है. दरअसल लाइव टीवी डिबेट चल रही है. जहां तीन तलाक के मुद्दे पर बहस के लिए ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य ऐजाज़ अरशद क़ासमी और सुप्रीम कोर्ट की अधिवक्ता फराह फ़ैज़ मौजूद थी. बहस के दौरान इनके बीच तू-तू, मैं-मैं होने लगी.

इसके बाद देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि फराह फ़ैज़ और ऐजाज़ अरशद की बहस ने हाथापाई का रूप ले लिया और इसकी शुरुआत फराह ने क़ासमी को थप्पड़ रसीद करके किया. जिसके जवाब में क़ासमी ने भी महिला अधिवक्ता पर थप्पड़ों की बरसात कर डाली.

इसके बाद मामले की गभीरता को देखते हुए ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने अपने ट्वीटर अकाऊंट के जरिए जांच कमेटी के गठन का ऐलान किया है. यह जांच कमेटी ऐजाज़ अरशद के मामले की जाँच करेगी और उनकी सदस्यता को लेकर फैसला सुनाएगी.

इस ट्वीट के को लेकर ऑल मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के वरिष्ठ सदस्य बैरिस्टर असदउद्दीन ओवैसी नाराज़गी का इज़हार करते हुए कहा कि ऐसे लोगों की बोर्ड से सदस्यता तत्काल प्रभाव से रद्द करनी चाहिए जो टीवी चैनलों पर बैठकर खुलेआम महिलाओं के साथ इस प्रकार का रवैया अपना रहे हैं. इसके लिये किसी जाँच समिति की कोई ज़रूरत नही है.