खुलासा: मंदसौर बलात्कार केस के ज़रिये मुस्लिमों के खिलाफ दंगे भड़काने की साजिश का पर्दाफाश

देश में जब कोई घटना घटित होती है, खासतौर से तब जब कोई मुस्लिम उसका आरोपी हो तो किसी न किसी ज़रिये से देशभर के मुसलमानों को टारगेट किया जाता रहा है. ऐसे कई मामले पहली भी आप लोग देख चुके हैं. और ऐसा ही कुछ मंदसौर मासूम से बलात्कार वाले केस में हुआ.

एक फर्जी न्यूज़ पोर्टल के ज़रिये देशभर में मुस्लिम सुमदाय के खिलाफ नफरत पैदा करने का काम किया जा रहा है. फेक न्यूज़ का खुलासा करनेवाली वेबसाइट ALT News के माध्यम से हमें ये जानकारी सामने आयी.

ऐसे फर्जी न्यूज़ पोर्टल किन लोगों के समर्थन में चल रहे हैं? जो देश को साम्प्रदायिक दंगों में झोंकने का काम कर रहे हैं. इन्टरनेट पर ऐसे न्यूज़ पोर्टल, विडियो, ट्विटर अकाउंट और फेसबुक पेजों की भरमार है, जो सारे दिन समुदाय विशेष के खिलाफ नफरत भरे सन्देश प्रचारित करने का काम कर रहे हैं.

एक फर्जी न्यूज़ पोर्टल जो अभी कुछ हफ्ते पहली ही बनाया गया है. इसमें कुरान का हवाला देते हुए लिखा गया है की “कुरआन में दुसरे धर्म की लड़कियों का बलात्कार जायज़ है” देशभर के गैर मुस्लिम समुदाय में मुस्लिमों के खिलाफ उनके दिलों में ज़हर भरने का काम कर रहा है.

मंदसौर रैली का फर्जी फोटोशोप

इतना ही नहीं उसमे एक फर्जी फोटोशोप के ज़रिये मुसलामनों द्वारा, बलात्कार के आरोपी के खिलाफ मार्च निकालने वाली रैली का फोटो फर्जी तरीके से छेड़छाड़ कर बलात्कारी को समर्थन करना बताया गया है. जिसका हम आपको असली और फर्जी फोटोशोप यहाँ दिखा रहे हैं.

मंदसौर रैली का असली फोटो

इतना ही नहीं इस फर्जी न्यूज़ पोर्टल वाले ने मध्य प्रदेश गुना से सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के खिलाफ भी एक फेक न्यूज़ फेलाने का काम किया है. जिसमे वे इस बलात्कारी इरफ़ान का बचाव करते नज़र आ रहे हैं.

मंदसौर बलात्कार केस को धार्मिक रंग देने की कोशिश

जिस दिन ये मंदसौर बलात्कार केस काण्ड हुआ उसके अगले ही दिन से फेसबुक, ट्विटर, यूट्यूब विडियो और व्हात्सप्प जैसी सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट का सहारा लेते हुए देशभर में हिन्दू-मुस्लिम करके माहौल खराब करने का काम किया जाने लगा.

लेकिन इन शैतानों के मंसूबे उस दिन धरे के धरे रह गए जब उस बलात्कार के आरोपी को फांसी की मांग के लिए खुद सबसे पहले मुस्लिम समुदाय  लोग सड़कों पर आ गए थे.

और मंदसौर के मुस्लिम समाज के अध्यक्ष ने सार्वजानिक रूप से यह एलान तक कर दिया था की हम इसकी फांसी की मांग करते हैं, साथ ही इसको फंसी होती है तो मुस्लिम समुदाय न तो उसके जनाज़े की नमाज़ होने देगा और न ही उसको हमारे कब्रिस्तानों में जगह दी जायेगी.

फिलहाल इस ब्लॉग के ज़रिये हम देश के लोगों से ये अपील करते हैं, देश की फिजा में कुछ असामजिक तत्व असली भाईचारे वाले हिन्दुस्तान को ख़तम कर देना चाहते हैं. इनसे सावधान रहने के ज़रुरत है.