गुरुग्राम: हिन्दू संगठनों का आतंक जबरन बंद करा रहे मुसलमानो की दुकानें, मचा बवाल

देश की राजधानी दिल्ली से लगे हुए गुरुग्राम से लगातार हिंदू#वादी संगठनों की गुंडागर्दी देखने को मिल रही है. पिछले दिनों गुरुग्राम में नामज़ को लेकर विवाद शुरू हुआ था इसके बाद से ही इलाके में गुंडागर्दी चरम सीमा पर है. काफी समय से कथित भगवाधारियों का कथित तौर पर आतंक देखने को मिल रहा है. गुरुग्राम काफी समय से विवाद और संग्राम का अखाड़ा बना हुआ है जिसके चलते इलाके में अक्सर तनाव की स्थिति बनी रहती है.

संगठनों की दादागिरी 

अब खबर है कि हिन्दू संगठनों द्वारा गुरुग्राम के सदर बाजार के जामा मस्जिद इलाके में मार्च निकला इसके बाद जबरन मीट की दुकानें हिन्दू संगठनों द्वारा बन करवाने का मामला सामने आया है. सबसे हैरान कर देते वाली बात यह रही कि यह सब पुलिस की मौजूदगी में हुआ.

पुलिस की उपस्थिति में ही हिन्दू संगठनों ने दुकानें जबरदस्ती बंद कराई. हिन्दू संगठनों ने मांग की है कि इलाके में दुकानों पर नवरात्रि के दौरान मीट ना बेचा जाए. आपको बता दें कि नवरात्रि 10 अक्टूबर से शुरू हो गई है जो 18 अक्टूबर तक चलेगी. संगठन इस दौरान मीत की बिक्री बंद करा रहा है.

मुस्लिम समाज द्वारा मीट मार्केट के गेट पर नवरात्रि की शुभकामनाओं वाले पोस्टर लगाए गए हैं साथ ही मार्केट की एंट्री को टेंट से ढक दिया गया है. मार्केट प्रधान ने बताया कि हम यहां 50 साल से रह रहे हैं लेकिन ऐसा पहले कभी नहीं हुआ. प्रशासन हमें सहयोग देने की बात कर रहा है लेकिन इलाके में दहशत बढ़ती जा रही है.

उन्होंने कहा कि इससे पहले हिन्दू संगठनों ने हमें कहा कि पर्दे लगा लो जिसके बाद हमने पर्दे लगा दिए. फिर वह धमकी देकर गए की कल से दुकानें ही बन्द कर दो. मार्केट के एक व्यापारी अब्दुल मुकीम ने कहा कि मैं यही पैदा हुआ. मेरे पिता ने भी कभी नहीं बताया कि इस तरह से दुकानों को पहले कभी बन्द कराने की कोशिश की गई थी.

जबरन करा रहे बंद 

वहीं हिन्दू सेना संघर्ष समिति के एक सदस्य द्वारा जिला प्रशासन से चिट्ठी लिखकर कहा गया है कि हमने 125 सदस्यों की चार टीमें बनाई हैं यह टीम अलग-अलग दुकानों पर जाकर उनके मालिकों से नवरात्रि के दौरान दुकानें बंद करने की अपील करेगी. इसके बाद अगर त्योहार के दौरान हमें कोई दुकान खुली मिली तो हम उसे बंद करा देंगे.

हिंदू संगठनों ने बताया कि उन्होनें पहले ही जिला प्रशासन को एक चिट्ठी लिखकर नवरात्रि के दौरान शहर में मीट सभी दुकानों को बंद रखे जाने की अपील की थी. उन्होंने कहा कि लेकिन यदि प्रशासन ऐसा कोई कदम नहीं उठाता है तो फिर हमें खुद सड़कों पर उतरना पड़ेगा और जबरन दुकाने बंद करना होगी.